मीन राशि का नाम और चिह्न
मीन का अर्थ मछली है, और चिह्न में विपरीत दिशाओं में तैरती दो मछलियाँ बनाई जाती हैं। लैटिन का Pisces मछलियों के लिए बहुवचन रूप है। यह बारहवीं राशि है। इसे देवनागरी में मीन लिखा जाता है और अंग्रेज़ी में Pisces।
तत्व, स्वभाव और स्वामी ग्रह
मीन जल तत्व की और द्विस्वभाव स्वभाव की राशि है। चार तत्वों में से हर एक की तीन राशियाँ होती हैं, जो एक दूसरे से 120 अंश की दूरी पर हैं, और जल तत्व में मीन के साथ कर्क और वृश्चिक आती हैं। जल तत्व की राशियाँ चौथी, आठवीं और बारहवीं हैं। स्वभाव के तीन भेद चक्र में बार-बार दोहराए जाते हैं, और द्विस्वभाव स्वभाव में मीन के साथ मिथुन, कन्या और धनु हैं। द्विस्वभाव राशियाँ हर तीन राशियों के समूह का समापन करती हैं: तीसरी, छठी, नौवीं और बारहवीं। ये राशियों को छाँटने की पारंपरिक श्रेणियाँ हैं।
मीन का स्वामी ग्रह गुरु है। गुरु धनु का भी स्वामी है। मीन का स्वामी भी गुरु है। उसका आयतन पृथ्वी से 1,300 गुना से भी अधिक है, और उसके चार सबसे बड़े चंद्रमा छोटी दूरबीन से भी दिख जाते हैं।
मीन राशि के नक्षत्र
मीन निरयन भोगांश 330 से 360 अंश तक फैली है। यह ठीक नौ चरणों के बराबर है, यानी सवा दो नक्षत्र। जिन नक्षत्रों का कोई भाग इस राशि में आता है, वे हैं: पूर्वा भाद्रपद (केवल चरण 4); उत्तरा भाद्रपद (चारों चरण); रेवती (चारों चरण)। इनके स्वामी ग्रह क्रम से गुरु, शनि और बुध हैं। मीन राशिचक्र की अंतिम राशि है। अंतिम नक्षत्र रेवती इसके आख़िरी अंश पर समाप्त होता है, और वहीं से चक्र मेष में फिर शुरू होता है। इसकी सम्मुख राशि कन्या है।
चंद्रमा एक राशि पार करने में लगभग सवा दो से ढाई दिन लगाता है, इसलिए हर महीने चंद्रमा उतने ही समय मीन में रहता है। उस बीच चंद्रमा किस नक्षत्र में है, इससे स्थिति और बारीकी से पता चलती है। अपने जन्म के लिए दोनों देखने के लिए नक्षत्र खोजें का उपयोग करें।
चंद्र राशि मीन और सूर्य राशि मीन
वैदिक चंद्र राशि वह निरयन राशि है जिसमें जन्म के समय चंद्रमा था। पश्चिमी सूर्य राशि वह सायन राशि है जिसमें उस समय सूर्य था। दोनों अलग पैमाने हैं, और 2026 में निरयन राशिचक्र सायन से लगभग 24 अंश 13 कला पीछे है।
मीन के लिए यह तारीख़ों में दिख जाता है। 2026 में सूर्य निरयन मीन में 15 मार्च 2026 से 14 अप्रैल 2026 तक रहता है, और पश्चिमी Pisces में 18 फ़रवरी 2026 से 20 मार्च 2026 तक। इन दोनों अवधियों के केवल लगभग 5 दिन आपस में मिलते हैं। इसलिए पश्चिमी सूर्य राशि Pisces वाले अधिकतर लोगों की वैदिक सूर्य राशि कुंभ होती है, और चंद्र राशि बारह में से कोई भी। चंद्र राशि हर दो-तीन दिन में बदलती है, इसलिए चंद्र राशि कैलकुलेटर जन्म का समय और स्थान पूछता है।
मीन के चरण और नवांश
मीन के भीतर के नौ चरणों को लगातार नौ नवांश राशियाँ मिलती हैं। क्रम कर्क से शुरू होकर मीन पर रुकता है, और अगली राशि मेष में फिर मेष से नई गिनती उठती है। इसी तरह राशि का हर अंश नवांश (D9) कुंडली की किसी एक राशि में पड़ता है, जिसे बारीक अध्ययन के लिए देखा जाता है।
मीन से गिनती
वैदिक ज्योतिष में ग्रहों की स्थिति अक्सर चंद्र राशि से कितनी राशि दूर है, इस तरह गिनी जाती है, जिसे चंद्र से भाव (चंद्र लग्न से गिनती) कहते हैं। चंद्र राशि मीन हो तो गिनती यह बनती है: दूसरी राशि मेष; तीसरी राशि वृषभ; चौथी राशि मिथुन; पाँचवीं राशि कर्क; छठी राशि सिंह; सातवीं राशि कन्या; आठवीं राशि तुला; नौवीं राशि वृश्चिक; दसवीं राशि धनु; ग्यारहवीं राशि मकर; बारहवीं राशि कुंभ। मीन की सम्मुख राशि कन्या है, और उससे त्रिकोण बनाने वाली दो राशियाँ कर्क तथा वृश्चिक हैं।
मीन संक्रांति: सूर्य का मीन में प्रवेश
सूर्य मार्च के मध्य में मीन में प्रवेश करता है। इसी दिन तमिल पंचांग का पंगुनि माह और मलयालम पंचांग का मीनम माह शुरू होता है, और यह निरयन वर्ष का अंतिम सौर माह है।
गणना लाहिड़ी अयनांश और संपूर्ण राशि भाव (whole sign) पद्धति से की गई है; हर सेटिंग विधि पेज पर देखी जा सकती है। अंतिम जाँच 2026-10-04।